छत्तीसगढ़ की 14 रियासतों की विरासत अब ‘रियासत वीथिका’ में होगी संरक्षित

राज परिवारों के सहयोग से बनेगी गैलरी, इतिहास और संस्कृति से रूबरू होगी नई पीढ़ी

रायपुर, 27 अक्टूबर। छत्तीसगढ़ की 14 पूर्ववर्ती रियासतों के गौरवशाली इतिहास और दुर्लभ धरोहरों को एक ही छत के नीचे सहेजने की तैयारी है। इसके लिए रायपुर में ‘रियासत वीथिका’ स्थापित की जाएगी। पर्यटन मंडल के सभाकक्ष में आयोजित बैठक में राज परिवारों के वंशजों को प्रस्तावित योजना की जानकारी दी गई और उनसे सुझाव लिए गए।

प्रस्तावित गैलरी में राजचिह्न, पारंपरिक वेशभूषा, अस्त्र-शस्त्र, प्राचीन सिक्के, मुहरें, ऐतिहासिक दस्तावेज और राजसी परंपराओं को प्रदर्शित किया जाएगा। पर्यटन मंडल के अध्यक्ष नीलू शर्मा ने कहा कि राज्य की ऐतिहासिक धरोहरों को संरक्षित करने के साथ हेरिटेज पर्यटन और होमस्टे को भी बढ़ावा दिया जा रहा है।

पर्यटन एवं संस्कृति विभाग के सचिव डॉ. एस. भारतीदासन ने बताया कि राज परिवारों के सहयोग से धरोहरों का दस्तावेजीकरण किया जाएगा। इसके लिए नोडल अधिकारी नियुक्त कर प्रत्येक रियासत से ऐतिहासिक सामग्री और जानकारियां जुटाई जाएंगी।

बैठक में रायगढ़, सरगुजा, सारंगढ़, कवर्धा, छुईखदान, उदयपुर-धरमजयगढ़ और खैरागढ़ सहित विभिन्न राज परिवारों के प्रतिनिधि शामिल हुए। उनका मानना है कि इस पहल से छत्तीसगढ़ की सांस्कृतिक पहचान मजबूत होगी और विद्यार्थियों, शोधार्थियों तथा पर्यटकों को प्रदेश के इतिहास को करीब से जानने का अवसर मिलेगा।